(रिपोर्ट@ईश्वर शुक्ला)                                ऋषिकेश/समाचार भास्कर - जनपद टिहरी गढ़वाल के तपोवन ग्राम सभा में इन दिनों होटल संचालकों को बार का लाइसेंस जारी होने की चर्चा चल रही है। इसमें कितनी हकीकत है इसका तो अभी कुछ पता नहीं है। लेकिन यह जानकारी मिलने के बाद लोगों ने विरोध करना शुरू कर दिया है। कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल को ज्ञापन भेजकर लोगों ने होटल संचालकों को शराब पिलाने के लिए बार का लाइसेंस जारी नहीं करने की मांग की है।


बता दें कि तपोवन ग्राम सभा में करीब 400 होटल है। जिनमें से कुछ होटल संचालकों ने प्रशासन से शराब पिलाने को बार खोलने के लिए लाइसेंस देने की मांग करी है। इसके लिए लिखित रूप से प्रशासन को पत्र भी भेजने की जानकारी सामने आ रही है। यह मामला पिछले कुछ दिनों से लगातार सोशल मीडिया पर सुर्खियां बटोर रहा है। सोशल मीडिया पर बार खोलने का विरोध लोगों ने शुरू कर दिया है। कुछ जागरूक नागरिकों ने नरेंद्र नगर के विधायक और कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल को ज्ञापन भेजकर होटल संचालकों को बार का लाइसेंस जारी नहीं करने की मांग भी की है। ज्ञापन में जिक्र किया गया कि तपोवन केवल ग्राम सभा नहीं है, बल्कि यह तीर्थनगरी योग नगरी और पर्यटन नगरी के नाम से विश्व के मानचित्र में अपनी अहम जगह बनाए हुए हैं। चारधाम यात्रा मार्ग पर जाने के लिए भी लाखों श्रद्धालु भी तपोवन से होकर गुजरते हैं। ऐसे में इस क्षेत्र में यदि होटल संचालकों को बार का लाइसेंस जारी होता है तो इसका स्थानीय लोगों की जीवन शैली पर तो प्रभाव पड़ेगा ही, तीर्थयात्रियों के बीच भी गलत संदेश जाएगा। इसलिए जनहित में किसी भी होटल संचालक को बार का लाइसेंस जारी न किया जाए। ज्ञापन भेजने वालों में पूर्व प्रधान सुरेश उनियाल, त्रिलोक भंडारी, विनोद कुलियाल, नरेंद्र सिंह बिष्ट, कल्पना पुंडीर, मंजू भंडारी, नीलम शर्मा, पवन सिंह भंडारी, सुरेंद्र सिंह भंडारी, भीम सिंह, हरि रावत, दिनेश शर्मा, प्रदीप, जयंत शर्मा, होशियार सिंह भंडारी, सुंदरी जोशी, आशा बिष्ट, हेमा डबराल, रेखा शर्मा, भावना, पूजा कुरियाल, कल्पना नेगी आदि शामिल रहे

Share To:

Post A Comment: